जनपद सुलतानपुर में सदर सीट से विधायक राज बाबू उपाध्याय पर एक निर्माण कंपनी की डायरेक्टर ने गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायतकर्ता का कहना है कि विधायक ने 25 लाख की अवैध मांग की और इनकार करने पर उनके सहयोगियों ने साइट पर पहुंचकर मारपीट, लूट और धमकी दी।
क्या है मामला ?
शिकायत के अनुसार, सिद्धार्थ इन्फ्राहाइट प्रा. लि. को पीडब्ल्यूडी ने 2024-25 में धर्मार्थ योजनांतर्गत स्वीकृत निविदा के तहत विरसिंहपुर-पापरघाट-शाहपुर-हरवंशपुर मार्ग (चैनैज 14.600 से 22.200, बाबा चौरासी आश्रम धाम तक) चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण का कार्य सौंपा है।
कंपनी की डायरेक्टर शशि सिंह का आरोप है कि काम शुरू होते ही विधायक राज बाबू उपाध्याय ने उनके मैनेजर अनिल वर्मा को बुलाकर कहा कि बिना अनुमति काम नहीं होगा और 25 लाख रुपये की डिमांड रखी।
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धमकी और हमले का आरोप
16 अगस्त 2025: विधायक खुद साइट पर पहुंचे और कर्मचारियों से गाली-गलौज की, साथ ही जान से मारने की धमकी दी।
17 अगस्त 2025: विधायक के करीबी भूपेंद्र पांडेय, सर्वेश मिश्रा, आलोक पांडेय, सीटू पांडेय और 10-15 अज्ञात लोग स्कॉर्पियो (UP-34 BW 0050) व अन्य वाहनों से पहुंचे।
आरोप है कि उन्होंने कर्मचारियों की पिटाई की, मैनेजर का मोबाइल छीन लिया और 1.5 लाख नकद लूट लिया।
पीड़ित पक्ष का आरोप
शशि सिंह ने पुलिस अधीक्षक को दिए प्रार्थना पत्र में कहा है, विधायक और उनके लोग कह रहे हैं कि अगर साइट पर काम करना है तो कमीशन दो, नहीं तो काम बंद करा देंगे। हमें और हमारे परिवार को लगातार जान का खतरा है।
पुलिस की कार्रवाई
सूत्रों के मुताबिक, घटना की जानकारी पीड़ित पक्ष ने 112 नंबर पर कॉल करके तुरंत दी। मामले की शिकायत एसपी सुलतानपुर और डीजीपी लखनऊ तक भेजी गई है।
कंपनी को आर्थिक नुकसान
निदेशक का कहना है कि निविदा को 12 महीने में पूरा करना है, मगर डर और दहशत के चलते कर्मचारी काम छोड़ चुके हैं। इससे कंपनी को भारी आर्थिक क्षति हो रही है।
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