गोरखपुर, NIA संवाददाता।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राष्ट्र निर्माण और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने में अधिवक्ता समाज की भूमिका को बेहद महत्वपूर्ण बताया है। गोरखपुर बार एसोसिएशन सिविल कोर्ट की नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के परिचय समारोह में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे मुख्यमंत्री ने चेतावनी दी कि भारत की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था और वैश्विक साख से घबराकर कुछ शक्तियां देश के खिलाफ साजिश रच सकती हैं।
”बॉटम थ्री से टॉप-5 में पहुंचा भारत”
सीएम योगी ने कहा कि भारत अब कमजोर अर्थव्यवस्थाओं की सूची (बॉटम थ्री) से निकलकर दुनिया की ‘टॉप-5’ अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हो चुका है। विकास की यह तेज रफ्तार दुनिया के कुछ देशों को रास नहीं आ रही है। उन्होंने कहा कि जल्द ही भारत की प्रतिस्पर्धा दुनिया के सबसे बड़े देशों से होने वाली है और इसी बढ़ती ताकत को रोकने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर साजिशें रची जा सकती हैं।
सोशल मीडिया और फेक अकाउंट्स से विभाजन की साजिश
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश को कमजोर करने के लिए समाज में वैमनस्य और विद्वेष फैलाने के कई तरीके अपनाए जाएंगे। जातीय व भाषाई विभाजन: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और फेक अकाउंट्स के जरिए विभिन्न जातीय समूहों को आपस में लड़ाने की कोशिश होगी। देश के स्तंभों को कमजोर करने के लिए कभी न्यायपालिका, तो कभी कार्यपालिका और विधायिका पर सवाल खड़े कर उनकी छवि धूमिल करने के प्रयास होंगे।
’साजिशों को नाकाम करने में अधिवक्ताओं की अहम भूमिका’
सीएम योगी ने वकीलों का आह्वान करते हुए कहा कि ऐसी किसी भी देश विरोधी साजिश को नाकाम करने में अधिवक्ता समुदाय की भूमिका निर्णायक होगी। कानून के रक्षक के रूप में वकीलों को समाज में भ्रम और विद्वेष फैलाने वाले तत्वों के खिलाफ सजग रहना होगा।
कार्यक्रम के दौरान गोरखपुर बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का भव्य स्वागत किया।




