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27 नवंबर को आरपीआई का महासम्मेलन लखनऊ में, पार्टी उत्तर प्रदेश में बढ़ा रही है ताकत : केंद्रीय मंत्री डॉ. रामदास आठवले

लखनऊ।

रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आठवले) आगामी 27 नवंबर को लखनऊ में महासम्मेलन करने जा रही है। जिसके माध्यम से आरपीआई, उत्तर प्रदेश में अपनी ताकत दिखाएगी। महासम्मेलन का आयोजन वृंदावन स्थित आवास विकास मैदान में होगा। सम्मेलन में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा जी, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी सहित भाजपा के बड़े नेताओं को भी आमंत्रित किया जाएगा।

ये बात रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आठवले) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. रामदास आठवले ने योजना भवन में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस के दौरान कही।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों में बम्पर जीत के बाद आजमगढ़ एवं रामपुर में भाजपा की जीत ये बताती है कि भाजपा सबका साथ, सबका विकास एवं सबका विश्वास के मूलमंत्र के साथ आगे बढ़ रही है। मुस्लिम समाज ने भी भाजपा को अपना समर्थन दिया है। माननीय नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में भाजपा सरकार ने केंद्र में 8 वर्ष पूरे किए, मैं श्री मोदी जी को शुभकामनाएं देता हूँ कि उन्होंने 8 वर्षों के शासन में पूरे देश में 8 साल में विकास का जाल फैला दिया।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तारीफ करते हुए आरपीआई राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. रामदास आठवले ने कहा कि योगी जी के नेतृत्व में प्रदेश में एक भी दंगा नहीं हुआ, जबकि सपा के शासनकाल में उत्तर प्रदेश में 30-35 दंगे हुए। तीन तलाक के कानून ने मुस्लिम महिलाओं को सम्मान से जीने का अधिकार दिया है।

द्रौपदी मुर्मू जी का हर पार्टी को करना चाहिए समर्थन

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भाजपा नेतृत्व ने आदिवासी समाज से आने वाली द्रौपदी मुर्मू को राष्ट्रपति उम्मीदवार बनाकर बेहद सराहनीय निर्णय लिया है। इससे पहले दलित समाज से आने वाले रामनाथ कोविंद जी को राष्ट्रपति बनाया। एनडीए की उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू जी को बसपा सुप्रीमो मायावती जी ने समर्थन दिया है, इस फैसले के लिए मैं उन्हें धन्यवाद देता हूँ। आरपीआई द्रौपदी मुर्मू जी को समर्थन कर रही है और हर दल को उनका समर्थन करना चाहिए था, क्योंकि वह आदिवासी समाज से हैं, जिससे चुनाव निर्विरोध हो जाता। लोकतंत्र में चुनाव लड़ना सबका अधिकार है लेकिन आदिवासी समाज एवं एक महिला होने के नाते हर पार्टी को द्रौपदी मुर्मू जी का समर्थन करना चाहिए था।

उत्तर प्रदेश में ज्यादा ध्यान देगी आरपीआई

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आरपीआई, उत्तर प्रदेश के संगठन को अधिक मजबूत करने पर ध्यान दे रही है। अब तक 55 जिलों की कार्यकारिणी बन गयी है और आने वाले समय में 20 जिलों की कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा और उत्तर प्रदेश में आरपीआई एक बड़ी ताकत के।रूप में उभरकर सामने आएगी।

लगातार आरपीआई से जुड़ रहे हैं लोग

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सपा, बसपा से जुड़े पूर्व विधायक,सांसद हमारे संपर्क में हैं और लगातार उनसे बातचीत चल रही है। आगामी समय में बहुत सारे नेता, पूर्व विधायक, सांसद आरपीआई से जुड़ेंगे। बसपा के तमाम एक्टिविस्ट भी संपर्क में है। दलित, क्षत्रिय, वैश्य, ब्राह्मण सहित हर समाज के वर्ग को जोड़ने वाली पार्टी आरपीआई है। बाबा साहेब ने सभी जाति,धर्म के लोगों के लिए काम करने की प्रेरणा दी। आरपीआई उसी अभियान में लगी हुई है। आज दलित, ओबीसी समाज के तमाम रिटायर्ड अधिकारियों से मीटिंग हुई, सब आरपीआई के साथ खड़े हैं।

शिवसेना अपनी गुंडागर्दी बंद करे

महाराष्ट्र के राजनीतिक घटनाक्रम पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि एकनाथ शिंदे जी असली शिवसैनिक हैं। गुवाहटी में उनके साथ शिवसेना के बहुत सारे विधायक हैं। उद्धव ठाकरे सरकार अल्पमत में आ गई है। उन्हें सत्ता में रहने का कोई अधिकार नहीं है। एकनाथ शिंदे जी का प्रस्ताव जब भाजपा के पास आएगा, तब एकनाथ शिंदे जी, भाजपा, आरपीआई मिलकर महाराष्ट्र में सरकार बनाएगी। इस संबंध में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जी से मेरी बातचीत हुई और मैंने कहा कि महाराष्ट्र में देवेंद्र फड़नवीस जी के नेतृत्व में सरकार बननी चाहिए। साथ ही सरकार बनने के बाद आरपीआई को एक मंत्रीपद मिलना चाहिए।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि शिवसेना को गुंडागर्दी बंद करनी चाहिए और उद्धव ठाकरे को इस संबंध में आवाह्न करना चाहिए। संजय राउत शिवसैनिकों को भड़काने का काम कर रहे हैं। ये बंद होना चाहिए। एकनाथ शिंदे जी की नाराजगी लंबे समय से शिवसेना से है। उद्धव ठाकरे उनसे मिलते नहीं थे, उनका काम नहीं होता था, विकास के लिए उनको बजट नहीं दिया जाता था। महाविकास अघाड़ी सरकार महाविनाश अघाड़ी सरकार है। शिवसेना बाला साहेब ठाकरे की है और एकनाथ शिंदे बाला साहेब के सच्चे बंदे हैं।